कोलकाता । पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के परिणामों के बीच राजनीतिक गलियारों से एक चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। दुर्गापुर पश्चिम विधानसभा क्षेत्र से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार और जाने-माने व्यवसायी कवि दत्त (बाप्पा) ने सक्रिय राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है। चुनाव परिणाम स्पष्ट होने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा कर सार्वजनिक जीवन के इस अध्याय को विराम देने का एलान किया।
कवि दत्त ने अपने संदेश में लोकतंत्र की मर्यादा का सम्मान करते हुए कहा कि जनता का फैसला सर्वोपरि है और वह बंगाल के जनादेश को पूरी विनम्रता से स्वीकार करते हैं। उन्होंने अपने छोटे से राजनीतिक सफर को याद करते हुए लिखा, “मेरा 36 दिनों का राजनीतिक अध्याय अब समाप्त हो गया है।”
जनता से मांगी माफी, नई सरकार को दी बधाई
अपने संदेश में कवि दत्त ने समर्थकों और शुभचिंतकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यदि इस संक्षिप्त कार्यकाल के दौरान उनसे कोई त्रुटि हुई हो, तो वह उसके लिए क्षमाप्रार्थी हैं। उन्होंने राज्य में बनने जा रही नई सरकार को अपनी शुभकामनाएं दीं और उम्मीद जताई कि दुर्गापुर के साथ-साथ पूरा पश्चिम बंगाल अब प्रगति और विकास की नई राह पर अग्रसर होगा।
समर्थकों में छाई मायूसी
कवि दत्त के इस अचानक लिए गए फैसले ने दुर्गापुर की राजनीति में हलचल मचा दी है। उनके विदाई संदेश “सब अच्छे रहें, सबको अच्छा रखें” के बाद सोशल मीडिया पर समर्थकों की भावुक प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि चुनावी हार और क्षेत्र की बदली हुई परिस्थितियों के कारण उन्होंने फिल्म निर्माता राज चक्रवर्ती की तरह ही राजनीति से दूरी बनाना बेहतर समझा।

