खूंटी । भारतीय संविधान के शिल्पी और भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की जयंती के अवसर पर आज खूंटी समाहरणालय परिसर में भव्य श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों ने बाबा साहेब के चित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया।
सामाजिक न्याय के प्रतीक थे बाबा साहेब: उपायुक्त
श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद उपायुक्त आर. रॉनिटा ने डॉ. अंबेडकर के बहुआयामी व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब न केवल एक विधिवेत्ता थे, बल्कि एक प्रखर अर्थशास्त्री और महान समाज सुधारक भी थे। “उनका जीवन वंचितों को अधिकार दिलाने और समाज में व्याप्त भेदभाव को मिटाने के संघर्ष की गाथा है। समता, स्वतंत्रता और बंधुत्व के जो मूल्य उन्होंने संविधान में पिरोए हैं, वे आज भी हमारे लोकतंत्र की शक्ति हैं।”
अधिकारियों ने लिया संकल्प
कार्यक्रम में उपायुक्त के साथ उप विकास आयुक्त आलोक कुमार, आईटीडीए निदेशक अलोक शिकारी कच्छप और अनुमंडल पदाधिकारी दिपेश कुमारी सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारियों ने शिरकत की। उपस्थित सभी कर्मियों ने बाबा साहेब के आदर्शों और लोकतांत्रिक मूल्यों को अपने कार्यशैली में आत्मसात करने का संकल्प लिया।
प्रशासन की ओर से यह संदेश दिया गया कि डॉ. अंबेडकर के विचार केवल स्मरण के लिए नहीं, बल्कि समाज में न्यायसंगत व्यवस्था बनाने के लिए निरंतर प्रेरणा का स्रोत हैं।

