सुपौल । छात्रों के संभावित विरोध-प्रदर्शन को देखते हुए सुपौल जिला प्रशासन ने जिले में दो दिनों के लिए हाई अलर्ट घोषित किया है। शुक्रवार को सुबह से ही शहर के प्रमुख चौक-चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। प्रशासन कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी कर रहा है।
संवेदनशील इलाकों में बढ़ाई गई सुरक्षा
पुलिस पदाधिकारी और जवान पूरे दिन शहर के विभिन्न इलाकों में गश्त करते रहे, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से समय रहते निपटा जा सके। प्रशासन ने कहा कि आम लोगों की सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
शाम को अनुमंडल पदाधिकारी मनोहर कुमार साहू और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी राजीव रंजन के नेतृत्व में शहर में फ्लैग मार्च निकाला गया। यह मार्च सदर थाना क्षेत्र से शुरू होकर महावीर चौक, लोहियानगर चौक, स्टेशन चौक, अस्पताल रोड सहित प्रमुख मार्गों और चौक-चौराहों से होकर गुजरा। इसमें बड़ी संख्या में पुलिस बल और दंगा नियंत्रण वाहन शामिल रहे।
अफवाहों से बचने की अपील
फ्लैग मार्च के दौरान अधिकारियों ने लोगों से शांति और सौहार्द बनाए रखने, अफवाहों पर ध्यान नहीं देने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि कानून हाथ में लेने या शांति व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन के अनुसार जिले में स्थिति पूरी तरह सामान्य और नियंत्रण में है। व्यापारिक प्रतिष्ठान खुले रहे और दैनिक गतिविधियां भी सामान्य रूप से संचालित होती रहीं। एहतियात के तौर पर संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। सभी थाना प्रभारियों को लगातार गश्त और हर सूचना पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
