रांची : फेडरेशन ऑफ झारखण्ड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज की बिजनेस एक्सपेंशन एंड न्यू ऑपर्चुनिटी उप समिति की बैठक आज चैम्बर भवन में हुई। बैठक में वर्तमान व्यावसायिक परिवेश में व्यापार के विस्तार, नई संभावनाओं की पहचान तथा एआई एवं आधुनिक तकनीकों के उपयोग से व्यवसाय को अधिक प्रतिस्पर्धी और प्रभावी बनाने पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में कहा गया कि वर्तमान समय में व्यापारियों को केवल पारंपरिक तरीकों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि एआई आधारित टूल्स, डिजिटल ऑटोमेशन, डेटा एनालिटिक्स, डिजिटल मार्केटिंग एवं आधुनिक बिजनेस मैनेजमेंट सिस्टम का उपयोग कर अपने व्यवसाय की कार्यक्षमता बढ़ानी चाहिए। इससे लागत में कमी, ग्राहकों तक बेहतर पहुंच, तेज निर्णय क्षमता तथा व्यापार के टर्नओवर में वृद्धि संभव है। साथ ही सफल बिजनेस मॉडल से सीख लेकर अपने व्यापार में नवाचार लाने और नई तकनीकों को अपनाने पर भी बल दिया गया। बैठक में व्यापारियों से राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आयोजित होने वाले ट्रेड फेयर, बिजनेस एक्सपो एवं उद्योग प्रदर्शनियों में सक्रिय भागीदारी की अपील की गई। कहा गया कि ऐसे आयोजनों से नई तकनीकों, बाजार की मांग और व्यापार विस्तार के नए अवसरों की जानकारी प्राप्त होती है।
बैठक में निर्णय लिया गया कि उप समिति द्वारा राजधानी रांची में जल्द ही बड़े पैमाने पर एक बिजनेस कॉन्क्लेव का आयोजन किया जाएगा। इस कॉन्क्लेव में उद्योग जगत के विशेषज्ञों, सफल उद्यमियों, स्टार्टअप्स, निवेशकों एवं विभिन्न क्षेत्रों के व्यवसायियों को एक मंच पर लाकर व्यापार विस्तार, निवेश, नवाचार एवं नई व्यावसायिक संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की जाएगी। उप समिति के चेयरमैन मनीष सराफ ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी दौर में केवल पारंपरिक तरीके से व्यापार करना पर्याप्त नहीं है। व्यापारियों को नई तकनीक, डिजिटल प्लेटफॉर्म, आधुनिक बिजनेस मॉडल और बदलती बाजार की आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को लगातार अपडेट करना होगा। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित बिजनेस कॉन्क्लेव व्यापारियों को नए अवसरों से जोड़ने, अनुभव साझा करने और नेटवर्किंग का महत्वपूर्ण मंच प्रदान करेगा, जिससे झारखण्ड के व्यापार एवं उद्योग को नई दिशा मिलेगी।
बैठक में चैम्बर अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा, उपाध्यक्ष प्रवीण लोहिया, राम बांगड़, उप समिति चेयरमैन मनीष सराफ, कार्यकारिणी सदस्य मुकेश अग्रवाल, तुलसी पटेल उपस्थित थे।
