कोडरमा । जिले के जयनगर प्रखंड में हाथियों के झुंड ने मंगलवार की रात भारी तबाही मचाई। हाथियों ने अलग-अलग गांवों में हमला कर एक मासूम बच्चे और एक युवक को कुचलकर मार डाला, जबकि दो महिलाओं और एक दुधमुंहे बच्चे सहित तीन लोग घायल हैं। सभी पीड़ित ईंट भट्ठों पर काम करने वाले मजदूर परिवार से हैं।
ईंट भट्ठों पर हाथियों ने किया हमला
पहली घटना रात करीब 11:30 बजे कंझियाडीह गांव स्थित मुंशी साव के ईंट भट्ठे पर हुई। यहाँ हाथियों ने फतेहपुर (बिहार) निवासी राजकुमार मांझी (30) को पटक-पटक कर मार डाला, जबकि उनकी पत्नी गौरी देवी गंभीर रूप से घायल हो गईं।
दूसरी हृदयविदारक घटना रात 1 बजे खगराडीह के पास राजु साव के ईंट भट्ठे पर घटी। यहाँ हाथियों ने 10 वर्षीय अंकुश कुमार को दौड़ाकर मार डाला। हमले में उसकी माँ कारी देवी और मात्र 2 माह का छोटा भाई दिलकुश कुमार घायल हो गए हैं। ये सभी नवादा (बिहार) के रहने वाले हैं।
वन विभाग पर फूटा लोगों का गुस्सा
हादसे के बाद बुधवार सुबह वन विभाग ने मृतकों के परिजनों को तत्काल सहायता के रूप में 25-25 हजार रुपये का मुआवजा दिया। घायलों का इलाज कोडरमा सदर अस्पताल में चल रहा है।
इधर, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने वन विभाग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। माले जिला सचिव मो. इब्राहिम और अन्य ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग की लापरवाही से ये मौतें हो रही हैं। लोगों का कहना है कि रेंजर और अधिकारी केवल घटना के बाद मुआवजा देने आते हैं, लेकिन हाथियों को भगाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाए जा रहे हैं।

