लुसाने। भारत के स्टार भाला फेंक खिलाड़ी नीरज चोपड़ा ने लुसाने डायमंड लीग में सत्र का अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 88.05 मीटर का शानदार थ्रो किया। हालांकि, वह खिताब जीतने से महज नौ सेंटीमीटर से चूक गए और उन्हें दूसरे स्थान से संतोष करना पड़ा। श्रीलंका के रुमेश पथिरागे ने 88.14 मीटर के थ्रो के साथ पहला स्थान हासिल किया, जबकि ग्रेनाडा के एंडरसन पीटर्स 86.69 मीटर के साथ तीसरे स्थान पर रहे।
2026 राष्ट्रमंडल खेलों में रजत पदक जीतने के बाद लुसाने पहुंचे नीरज ने प्रतियोगिता की शुरुआत 83.54 मीटर के थ्रो से की। इसके बाद दूसरे प्रयास में उन्होंने 88.05 मीटर की दूरी हासिल कर सत्र का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया और दूसरे दौर के बाद वह शीर्ष स्थान पर पहुंच गए।
नीरज का यह पिछले वर्ष जून में पेरिस डायमंड लीग के बाद पहला 88 मीटर से अधिक का थ्रो भी रहा। उनकी लय और तकनीक दोनों प्रभावशाली दिखीं, जिससे उन्होंने एक बार फिर विश्व स्तर पर अपनी मजबूत दावेदारी पेश की।
हालांकि, राष्ट्रमंडल खेलों के स्वर्ण पदक विजेता रुमेश पथिरागे ने तीसरे प्रयास में 88.14 मीटर का थ्रो कर नीरज को पीछे छोड़ दिया। दोनों खिलाड़ियों के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन में केवल नौ सेंटीमीटर का अंतर रहा, लेकिन यही मामूली अंतर खिताब के फैसले के लिए निर्णायक साबित हुआ।
पथिरागे की इस सत्र में डायमंड लीग में यह तीसरी जीत रही। इससे पहले वह रोम और दोहा चरण में भी खिताब अपने नाम कर चुके हैं। इस जीत के साथ नीरज के खिलाफ उनका आमने-सामने का रिकॉर्ड 3-0 हो गया है।
दूसरे स्थान के बावजूद नीरज का प्रदर्शन उनके लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है, क्योंकि उन्होंने सत्र का अपना सर्वश्रेष्ठ थ्रो दर्ज किया है। अब उनकी नजर आगामी एशियाई खेलों पर होगी, जहां वह इस लय को बरकरार रखते हुए सत्र का पहला बड़ा खिताब जीतने के इरादे से उतरेंगे।
