नई दिल्ली। भारतीय नौसेना ने अदन की खाड़ी में भारत के लिए महत्वपूर्ण कार्गो लेकर जा रहे एक व्यापारी जहाज पर समुद्री डकैती की कोशिश को विफल कर दिया। भारतीय युद्धपोत की त्वरित कार्रवाई से समुद्री डाकू मौके से फरार हो गए और चालक दल पूरी तरह सुरक्षित बच गया। जहाज पर सवार एक भारतीय नागरिक सहित सभी सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया तथा जहाज को किसी प्रकार का नुकसान नहीं पहुंचा।
आईएनएस त्रिकंड की त्वरित कार्रवाई से टला बड़ा खतरा
एमवी गोल्डन आर्सेनल भारत के लिए आवश्यक कार्गो लेकर अदन की खाड़ी से गुजर रहा था, तभी समुद्री डाकुओं ने उस पर हमला कर कब्जा करने का प्रयास किया। खतरे को भांपते हुए चालक दल ने खुद को सेफ रूम में सुरक्षित कर लिया और निर्धारित संचार माध्यम से पाइरेसी की सूचना भेजी।
संकट संदेश मिलते ही पास में तैनात भारतीय युद्धपोत आईएनएस त्रिकंड तुरंत घटनास्थल की ओर रवाना हुआ। भारतीय नौसेना की मौजूदगी देखते ही समुद्री डाकू जहाज छोड़कर भाग निकले, जिससे संभावित बड़ा हादसा टल गया।
मार्कोस कमांडो ने जहाज को किया सुरक्षित
समुद्री डाकुओं के भागने के बाद भारतीय नौसेना के मरीन कमांडो (मार्कोस) एमवी गोल्डन आर्सेनल पर उतरे। उन्होंने पूरे जहाज की गहन तलाशी लेकर यह सुनिश्चित किया कि जहाज पर कोई डाकू या अन्य खतरा मौजूद नहीं है। इसके बाद कमांडो ने जहाज को पूरी तरह सुरक्षित घोषित किया, जिससे वह अपनी आगे की यात्रा जारी रख सका।
