सुपौल । जिले में सामाजिक सुरक्षा पेंशन का लाभ लेने वाले हजारों लाभुकों के लिए बड़ी खबर है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि समय रहते ‘जीवन प्रमाणीकरण’ (Life Authentication) नहीं कराया गया, तो पेंशन की राशि रोकी जा सकती है। जिले के कुल पंजीकृत लाभुकों में से अभी भी 81,829 लोग इस अनिवार्य प्रक्रिया से वंचित हैं।
आंकड़ों की नजर में स्थिति
सुपौल जिले में वृद्धावस्था, विधवा एवं निःशक्तजन पेंशन योजनाओं की वर्तमान स्थिति कुछ इस प्रकार है:
कुल पंजीकृत लाभुक: 3,06,151
प्रमाणीकरण पूर्ण: 2,24,312
शेष लाभुक: 81,829
1 मई से पंचायत स्तर पर लगेंगे कैंप
प्रशासन ने उन लाभुकों के लिए राहत की घोषणा की है जिन्होंने अभी तक प्रमाणीकरण नहीं कराया है। 1 मई से सभी प्रखंडों के पंचायत स्तर पर विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। पूरी तरह निःशुल्क: प्रशासन ने साफ किया है कि इस प्रक्रिया के लिए लाभुकों को कोई शुल्क नहीं देना होगा। जरूरी दस्तावेज: लाभुक अपने साथ आधार कार्ड, बैंक पासबुक और पेंशन आईडी लेकर कैंप में पहुंचें।
पेंशन बंद होने का खतरा
जिला प्रशासन ने सख्त लहजे में कहा है कि जीवन प्रमाणीकरण एक अनिवार्य प्रक्रिया है। जो लाभुक निर्धारित समय सीमा के भीतर इसे पूरा नहीं करेंगे, उनकी पेंशन राशि विभाग द्वारा बंद कर दी जाएगी। इसका उद्देश्य फर्जीवाड़े को रोकना और केवल पात्र व्यक्तियों तक ही सरकारी लाभ पहुँचाना है।
मदद के लिए जारी हुआ हेल्पलाइन नंबर
यदि किसी लाभुक को प्रमाणीकरण प्रक्रिया में तकनीकी समस्या या किसी भी प्रकार की परेशानी आ रही है, तो वे सीधे जिला नियंत्रण कक्ष के आधिकारिक दूरभाष नंबर पर संपर्क कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। प्रशासन ने सभी पात्र लाभुकों से अपील की है कि वे इस अवसर का लाभ उठाएं ताकि उनकी आर्थिक सहायता में कोई बाधा न आए।

