30 C
Kolkata
Tuesday, June 2, 2026

सीबीएसई री-इवैल्यूएशन पोर्टल पर बड़ा साइबर हमला, 2 मिनट में आए 15 <<लाख>> हिट्स; सिस्टम ठप करने की कोशिश नाकाम

नई दिल्ली । केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की कक्षा 12वीं की प्रतियों के पुनर्मूल्यांकन (री-इवैल्यूएशन) को लेकर एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आई है। दोपहर जब हजारों छात्र अपनी कॉपियों की दोबारा जांच के लिए डिजिटल पोर्टल पर लॉगिन कर रहे थे, ठीक उसी समय हैकर्स और असामाजिक तत्वों ने इस सरकारी डिजिटल सिस्टम को क्रैश करने के लिए एक बड़ा और योजनाबद्ध साइबर हमला कर दिया। हालांकि, सुरक्षा टीमों की मुस्तैदी से इस हमले को पूरी तरह नाकाम कर दिया गया। बोर्ड का दावा है कि इस बाधा के बावजूद दोपहर तक 16,000 से अधिक छात्र अपने आवेदन सुरक्षित रूप से पूरे कर चुके हैं।

मात्र 2 मिनट में 15 लाख फर्जी हिट्स
बोर्ड से प्राप्त जानकारी के अनुसार, हैकर्स ने पोर्टल को पूरी तरह ठप करने के इरादे से एक जबरदस्त ‘डिनायल ऑफ सर्विस’ (डीओएस/डीडीओएस) अटैक किया था। इस हमले की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मात्र 2 मिनट के भीतर वेबसाइट पर अचानक 15 <<लाख>> फर्जी हिट्स की बौछार कर दी गई, ताकि सर्वर पूरी तरह क्रैश हो जाए और वास्तविक छात्र इसे एक्सेस न कर सकें। इतना ही नहीं, हैकर्स ने पोर्टल के भीतर घुसकर डेटा चोरी करने के उद्देश्य से 1 <<लाख>> से अधिक बार अनधिकृत फाइल एक्सेस करने की भी नाकाम कोशिशें कीं। तकनीकी विशेषज्ञों ने तुरंत इस असामान्य ट्रैफिक को पहचान कर सुरक्षा घेरा मजबूत कर दिया।

भारी दबाव के बीच 16,000 से अधिक आवेदन सफल
इस बड़े साइबर हमले और तकनीकी रुकावटों के बावजूद, भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर की देखरेख में काम कर रही तकनीकी टीम ने पोर्टल को निरंतर चालू रखा। आज दोपहर 3:00 बजे तक ही 16,000 से अधिक छात्र सफलतापूर्वक अपने आवेदन और शुल्क (फीस) जमा करने की प्रक्रिया को पूरा कर चुके थे। वर्तमान में सीबीएसई का यह पुनर्मूल्यांकन पोर्टल एक ही समय पर 8,000 से अधिक उपयोगकर्ताओं (यूजर्स) का लाइव ट्रैफिक लोड पूरी मजबूती के साथ संभाल रहा है। बोर्ड की सुरक्षा प्रणालियां लगातार इन हमलों को फिल्टर कर रही हैं, ताकि वास्तविक छात्रों को फॉर्म भरने में कोई परेशानी न आए।

सीबीएसई का दावा: पूरी तरह सुरक्षित है पोर्टल
सोशल मीडिया पर सर्वर धीमा होने और भुगतान (पेमेंट) अटकने की कुछ शुरुआती शिकायतों के बीच, सीबीएसई बोर्ड ने आधिकारिक स्पष्टीकरण जारी करते हुए कहा कि यह सच है कि असामाजिक तत्वों ने हमारे सिस्टम को बाधित करने का प्रयास किया था, लेकिन हमारा फायरवॉल और सुरक्षा ढांचा बेहद मजबूत है। किसी भी छात्र का डेटा प्रभावित नहीं हुआ है। वर्तमान में पोर्टल पूरी तरह से स्थिर और सक्रिय (एक्टिव) है, इसलिए छात्र बिना किसी डर के रात या सुबह के समय आसानी से अपना फॉर्म सबमिट कर सकते हैं।

Related Articles

नवीनतम लेख