कोलकाता । पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए निर्वाचन आयोग पूरी तरह एक्शन मोड में है। चुनाव प्रक्रिया की शुचिता बनाए रखने के लिए की जा रही कड़ी निगरानी के बीच, आयोग ने 26 फरवरी से 6 अप्रैल के बीच राज्य भर से 327.44 करोड़ रुपये की अवैध सामग्री और नकदी जब्त की है।
जब्त की गई सामग्रियों का विवरण
निर्वाचन प्राधिकरण द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, यह जब्ती राज्य के विभिन्न जिलों में चलाए गए विशेष अभियानों का परिणाम है। इसमें भारी मात्रा में नकदी और शराब, मादक पदार्थ (ड्रग्स) और बहुमूल्य धातुएं, मतदाताओं को लुभाने के लिए बांटी जाने वाली अन्य मुफ्त सामग्रियां शामिल हैं।
निगरानी के लिए विशेष टीमों की तैनाती
चुनाव में धनबल और अवैध प्रभाव को रोकने के लिए पूरे राज्य में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद कर दी गई है। इसके लिए फ्लाइंग स्क्वाड (Flying Squads) और स्थिर निगरानी दल (SST) लगातार सक्रिय हैं। पुलिस और निर्वाचन विभाग की संयुक्त टीमें हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रख रही हैं। राज्य के सीमावर्ती इलाकों और संवेदनशील जिलों में जांच अभियान तेज कर दिया गया है।
निष्पक्ष चुनाव की प्रतिबद्धता
निर्वाचन अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य मतदाताओं को बिना किसी डर, लालच या दबाव के मतदान करने का सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है। पश्चिम बंगाल में इस महीने के अंत में होने वाले मतदान के मद्देनजर आदर्श आचार संहिता का सख्ती से पालन कराया जा रहा है। आयोग ने चेतावनी दी है कि उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।

