रायपुर। महिला एवं बाल विकास तथा समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने बाल देखरेख संस्थाओं में रह रहे अनाथ और निराश्रित बच्चों के पुनर्वास, कौशल विकास और आत्मनिर्भर भविष्य के लिए राज्यव्यापी पहल को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से एक्सिस बैंक और सामाजिक संस्था के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की।
मंत्री ने अपने निवास कार्यालय में एक्सिस बैंक के भारत प्रमुख विजय और कैटलिस्ट फॉर सोशल एसोसिएशन की भारत प्रमुख स्मिता रांधे से मुलाकात कर बच्चों को व्यावसायिक प्रशिक्षण, तकनीकी सहायता और रोजगारोन्मुख अवसरों से जोड़ने पर विस्तृत चर्चा की।
बैठक में एक्सिस बैंक के सीएसआर निधि के माध्यम से बाल देखरेख संस्थाओं में रहने वाले बच्चों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने, कौशल आधारित प्रशिक्षण देने और रोजगार से जोड़ने के लिए सहयोग पर विचार किया गया। इस पहल का उद्देश्य बच्चों को संरक्षण के साथ-साथ आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन की दिशा में आगे बढ़ाना है।
मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि अनाथ और निराश्रित बच्चों को शिक्षा, कौशल और रोजगार से जोड़ना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि सामुदायिक सहयोग से शुरू की गई यह पहल पिछले एक वर्ष से प्रदेश के पांच जिलों में सफलतापूर्वक संचालित हो रही है। अब इसे राज्य के सभी जिलों में लागू करने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सामाजिक संस्थाओं, कॉरपोरेट क्षेत्र और औद्योगिक घरानों के सहयोग से बच्चों के समग्र विकास और प्रभावी पुनर्वास के लिए हरसंभव प्रयास करेगी। साथ ही कौशल विकास, डिजिटल प्रशिक्षण, रोजगार मार्गदर्शन और आत्मनिर्भर जीवन के अवसर उपलब्ध कराने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
