गोरखपुर (पिपराइच) । पिपराइच विधानसभा के ग्रामसभा रामूडीहा में मंगलवार को आग लगने की एक हृदयविदारक घटना सामने आई। इस भीषण अग्निकांड की चपेट में आने से पांच मासूम बच्चे गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के बाद गांव में चीख-पुकार मच गई और परिजनों का बुरा हाल रहा।
विधायक की तत्परता: अस्पताल पहुंचकर संभाला मोर्चा
हादसे की खबर मिलते ही क्षेत्रीय विधायक महेन्द्र पाल सिंह ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल अपनी सक्रियता बढ़ाई। विधायक तुरंत सदर अस्पताल, गोरखपुर पहुंचे और घायल बच्चों की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने चिकित्सा अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बच्चों के उपचार में किसी भी स्तर पर कोताही न बरती जाए। विधायक के हस्तक्षेप के बाद अस्पताल प्रशासन ने विशेष डॉक्टरों की टीम लगाकर बच्चों का इलाज शुरू किया।
राहत भरी खबर: बच्चे अब खतरे से बाहर
परिजनों और क्षेत्रवासियों के लिए सबसे सुकून देने वाली खबर यह है कि सभी पांचों मासूम अब खतरे से बाहर हैं। चिकित्सकों के अनुसार, बच्चों के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार हो रहा है और उनकी स्थिति अब स्थिर बनी हुई है।
परिजनों को ढांढस और सरकारी सहायता का आश्वासन
विधायक महेन्द्र पाल सिंह ने पीड़ित परिवारों से मुलाकात कर उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिया। उन्होंने कहा “इस दुख की घड़ी में पूरी सरकार और प्रशासन पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा है।” “पीड़ितों को नियमानुसार त्वरित आर्थिक सहायता और राहत सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी।” उन्होंने प्रशासन को भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश भी दिए।
रामूडीहा की यह घटना दुखद जरूर है, लेकिन जनप्रतिनिधि और प्रशासन की समय पर की गई कार्रवाई ने मासूमों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई है। फिलहाल प्रशासन अग्निकांड के कारणों की जांच कर रहा है।

