29.8 C
Kolkata
Friday, June 5, 2026

पार्वती घाट में आधुनिक सुविधाओं का शुभारंभ छह से

पूर्वी सिंहभूम । शहर के प्रमुख श्मशान घाटों में शामिल बिष्टुपुर स्थित पार्वती घाट में अंतिम संस्कार से जुड़ी सुविधाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। पार्वती घाट समिति ने घोषणा की है कि 6 जून 2026 से घाट परिसर में कई नई सुविधाएं आम लोगों के लिए उपलब्ध होंगी। इन सुविधाओं में आधुनिक लकड़ी फरनेस, नवजात एवं छोटे बच्चों के अंतिम संस्कार के लिए विशेष देव आत्मा उद्यान तथा शौचालय एवं स्नान क्षेत्र का नवीनीकरण शामिल है।

समिति के अनुसार, पारंपरिक लकड़ी आधारित अंतिम संस्कार व्यवस्था को अधिक पर्यावरण अनुकूल और सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से एक नया आधुनिक लकड़ी फरनेस स्थापित किया गया है। यह फरनेस अन्य सामान्य लकड़ी फरनेसों की तुलना में काफी कम लकड़ी की खपत करता है। शवदाह के लिए इसमें लगभग 100 किलोग्राम लकड़ी की आवश्यकता होगी, जिससे समय और संसाधनों दोनों की बचत होगी। साथ ही चिमनी के माध्यम से धुआं बाहर निकलने की विशेष व्यवस्था की गई है, जिससे परिसर में प्रदूषण कम होगा और आसपास का वातावरण अधिक स्वच्छ रहेगा। इस परियोजना के लिए समाजसेवी एवं दानदाता कृष्ण मुरारी गुप्ता ने 11 लाख रुपये का योगदान दिया है। समिति ने उनके प्रति विशेष आभार व्यक्त किया है।

इसके अलावा पार्वती घाट परिसर में “देव आत्मा उद्यान” का भी निर्माण किया गया है। यह सुविधा पांच वर्ष से कम आयु के बच्चों और नवजात शिशुओं के अंतिम संस्कार की धार्मिक परंपराओं को ध्यान में रखकर विकसित की गई है। हिंदू मान्यताओं के अनुसार इस आयु वर्ग के बच्चों को दफनाया जाता है। इसी उद्देश्य से तैयार किए गए इस उद्यान में छह अलग-अलग सीमांकित क्षेत्र बनाए गए हैं, जहां प्रत्येक क्षेत्र में लगभग 80 बच्चों के अंतिम संस्कार की व्यवस्था की जा सकेगी। इस परियोजना के निर्माण में कई दानदाताओं ने सहयोग दिया है। इनमें रतनलाल, नवीन एवं नीरज अग्रवाल, अनिल एवं तुषित अग्रवाल, महेश अग्रवाल, खुशमन भाई उदाणी, उमा नाथूलाल, आशा एवं नवीन पोद्दार तथा मंजू देवी, राहुल एवं विशाल साव शामिल हैं। प्रत्येक दानदाता परिवार ने इस कार्य के लिए पांच-पांच लाख रुपये का योगदान दिया है।

समिति ने यह भी बताया कि घाट परिसर में स्थित “पवित्र निकेतन” शौचालय एवं स्नान क्षेत्र के नवीनीकरण कार्य के लिए समाजसेवी निर्मल भाई पांड्या की ओर से पांच लाख रुपये का दान दिया गया है। इस राशि से यहां आने वाले लोगों के लिए स्वच्छता और सुविधाओं को और बेहतर बनाया गया है। शुक्रवार को यह जानकारी सचिव दीपेंद्र कुमार भट्ट ने प्रेस विज्ञप्ति जारी की दी।

Related Articles

नवीनतम लेख