27.1 C
Kolkata
Tuesday, July 7, 2026

टीएमसी के ममता गुट ने चुनाव आयोग से की मुलाकात, कार्यकारी समिति के कार्यकाल पर दिया जवाब

नई दिल्ली। ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के धड़े ने सोमवार को चुनाव आयोग से मुलाकात कर बागी नेता ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले धड़े की ओर से किए गए दावों पर अपना पक्ष रखा। प्रतिनिधिमंडल ने आयोग को बताया कि पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारी समिति का कार्यकाल पांच वर्ष का है और यह 2027 तक प्रभावी रहेगा।

कार्यकाल को लेकर विवाद

ममता बनर्जी गुट के प्रतिनिधिमंडल में सांसद कल्याण बनर्जी, महुआ मोइत्रा और सागरिका घोष शामिल थीं। बैठक के बाद कल्याण बनर्जी ने कहा कि चुनाव आयोग द्वारा ऋतब्रत बनर्जी के अभ्यावेदन के आधार पर मांगे गए जवाब को विस्तृत रूप से प्रस्तुत कर दिया गया है।

उन्होंने बताया कि ऋतब्रत बनर्जी का दावा था कि तृणमूल कांग्रेस की कार्यकारी समिति और राष्ट्रीय कार्य समिति का कार्यकाल केवल तीन वर्ष का होता है। उनके अनुसार 2022 में गठित समिति का कार्यकाल 2025 में समाप्त हो चुका है।

टीएमसी ने संविधान संशोधन का हवाला दिया

कल्याण बनर्जी ने कहा कि पार्टी के संविधान में संशोधन कर कार्यकारी समिति का कार्यकाल तीन वर्ष से बढ़ाकर पांच वर्ष किया गया था। इस संशोधन की सूचना चुनाव आयोग को भी दी गई थी। उन्होंने कहा कि आयोग के निर्देशों के अनुसार पार्टी के आंतरिक चुनाव पांच वर्ष की अवधि के भीतर कराए जाने हैं।

उन्होंने स्पष्ट किया कि तृणमूल कांग्रेस की राष्ट्रीय कार्यकारी समिति का गठन 2022 में हुआ था, इसलिए उसका कार्यकाल 2027 में समाप्त होगा। इस आधार पर ममता बनर्जी के नेतृत्व वाले धड़े ने दावा किया कि वर्तमान राष्ट्रीय कार्यकारी समिति वैध रूप से कार्यरत है।

गौरतलब है कि वर्तमान में ममता बनर्जी और ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले धड़ों के बीच असली तृणमूल कांग्रेस होने को लेकर विवाद चल रहा है। दोनों पक्ष अपने-अपने आधारों पर पार्टी पर दावा कर रहे हैं।

Related Articles

नवीनतम लेख