कोलकाता | पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रमुख ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘झालमुड़ी’ खाने वाले वाकये पर तीखा हमला बोला है। बीरभूम के मुरारई में एक चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए ममता ने इस पूरी घटना को ‘पहले से स्क्रिप्टेड नाटक’ करार दिया।
“क्या प्रधानमंत्री जेब में 10 रुपये लेकर चलते हैं?”
ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री की सादगी पर सवाल उठाते हुए कहा कि झाड़ग्राम की वह घटना पूरी तरह से बनावटी थी। उन्होंने जनसभा में कहा:
“कितना नाटक करेंगे? कभी चुनाव के समय गुफा में ध्यान लगाते हैं, कभी खुद को चाय वाला बताते हैं और अब अचानक सड़क किनारे 10 रुपये निकालकर झालमुड़ी खा रहे हैं। क्या प्रधानमंत्री वाकई अपनी जेब में 10 रुपये लेकर घूमते हैं? जनता यह सब समझती है।”
सुरक्षा घेरे और कैमरे पर उठाए सवाल
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि उस दुकान पर पहले से ही कैमरे और साउंड रिकॉर्डिंग के उपकरण लगाए गए थे। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि प्रधानमंत्री की सुरक्षा में तैनात एसपीजी (SPG) के जवानों ने ही झालमुड़ी तैयार की थी और पूरी व्यवस्था पहले से तय थी। उन्होंने सवाल किया कि अगर यह सब अचानक हुआ, तो वहां हाई-क्वालिटी कैमरे पहले से कैसे मौजूद थे?
बाहर से भीड़ लाने का लगाया आरोप
ममता बनर्जी ने केवल झालमुड़ी कांड ही नहीं, बल्कि भाजपा की रैलियों पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री की सभाओं में भीड़ दिखाने के लिए अन्य राज्यों से रेलगाड़ियों के जरिए लोगों को लाया जाता है।
क्या था मामला?
गौरतलब है कि रविवार को झाड़ग्राम में सभा खत्म कर हेलिपैड जाते समय प्रधानमंत्री मोदी अचानक अपना काफिला रुकवाकर एक दुकान पर पहुंच गए थे। वहां उन्होंने दुकानदार से झालमुड़ी मांगी, उसे 10 रुपये का भुगतान किया और खुद खाने के साथ-साथ वहां मौजूद आम लोगों को भी खिलाया था। इस घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर काफी चर्चा में रहे थे।

