काठमांडू। नेपाल में भोटेकोशी नदी की अचानक आई भीषण बाढ़ ने बड़े इलाके को तबाही में बदल दिया है। रसुवा और आसपास के क्षेत्रों में बुधवार सुबह आई बाढ़ में कम से कम 157 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि करीब 700 लोगों का अब तक पता नहीं चल पाया है। लापता लोगों में स्थानीय नागरिकों के अलावा विदेशी पर्यटक और बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मी शामिल हैं। बाढ़ की तेज धार में घरों और वाहनों के साथ सड़क, पुल और अन्य जरूरी ढांचा भी बह गया है, जिससे प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
नेपाल पुलिस के ताजा अपडेट के मुताबिक मृतकों की संख्या 157 तक पहुंच गई है। बाढ़ के बाद चीन की सीमा से लगे रसुवा से लेकर भारत की सीमा से सटे इलाकों तक शव बरामद किए गए हैं। चितवन के नारायणी नदी से 64 शव मिले हैं। इसके अलावा गोरखा में 19, धादिंग में 18, नुवाकोट में 11, तनहु में नौ और नवलपरासी में एक शव बरामद होने की जानकारी दी गई है।
स्थानीय प्रशासन से मिली जानकारी के अनुसार 245 स्थानीय नागरिक संपर्कविहीन हैं। नेपाल पुलिस के 26 जवान, नेपाली सेना के 22 जवान और सशस्त्र प्रहरी बल के 13 जवान भी लापता बताए गए हैं। बाढ़ प्रभावित इलाकों में 384 पर्यटकों से संपर्क टूट गया है। नेपाल पर्यटन बोर्ड के अनुसार इनमें 139 भारतीय नागरिक और 37 भारतीय मूल के गैर-आवासीय भारतीय शामिल हैं।
अस्पतालों में 81 घायल, 216 लोगों का रेस्क्यू
नेपाल पुलिस के अनुसार बाढ़ में घायल 81 लोगों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। काठमांडू और आसपास के जिलों के अस्पतालों में उनका इलाज जारी है। राहत एवं बचाव दलों ने अब तक 216 लोगों को सुरक्षित निकाला है। इनमें 123 लोगों को हेलीकॉप्टर और 93 लोगों को जमीनी अभियान के जरिए बचाया गया।
संपर्क व्यवस्था को बड़ा नुकसान
विनाशकारी बाढ़ ने नेपाल के सड़क और पुल नेटवर्क को भी भारी नुकसान पहुंचाया है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक 35 पुल और 45 सस्पेंशन ब्रिज पानी में बह गए हैं। इसके कारण कई क्षेत्रों का आपसी संपर्क टूट गया है। करीब 40 किलोमीटर राजमार्ग भी बाढ़ की चपेट में आने से यातायात प्रभावित हुआ है।
अधिकारियों का कहना है कि प्रभावित इलाकों में स्थिति अभी गंभीर है। बड़ी संख्या में लोगों के लापता होने के कारण राहत और बचाव दल लगातार अभियान चला रहे हैं। बाढ़ से हुए व्यापक नुकसान के कारण इसे हाल के वर्षों की नेपाल की सबसे गंभीर जल आपदाओं में गिना जा रहा है।
