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Tuesday, July 14, 2026

झारखंड में उच्च शिक्षा को मिलेगी नई रफ्तार, बीआईटी सिंदरी बनेगी यूनिटरी यूनिवर्सिटी: हेमंत सोरेन

रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड मंत्रालय में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक कर राज्य में उच्च शिक्षा को आधुनिक, गुणवत्तापूर्ण और वैश्विक मानकों के अनुरूप विकसित करने के निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने छात्रवृत्ति योजनाओं, गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड, तकनीकी शिक्षा, विश्वविद्यालयों में रिक्तियां भरने और नए शैक्षणिक सुधारों की प्रगति की समीक्षा की।

गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड का दायरा बढ़ाने के निर्देश

मुख्यमंत्री ने बताया कि गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत अब तक 2,888 पात्र विद्यार्थियों को ऋण स्वीकृत किया गया है। इनमें 243 छात्र-छात्राओं को विभिन्न बैंकों के माध्यम से 64 करोड़ रुपये का शिक्षा ऋण दिया जा चुका है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि कल्याण विभाग के साथ समन्वय कर अधिक से अधिक पात्र छात्रों तक योजना का लाभ पहुंचाया जाए, ताकि आर्थिक अभाव किसी भी विद्यार्थी की उच्च शिक्षा में बाधा न बने। साथ ही दुमका फ्लाइंग इंस्टीट्यूट के विद्यार्थियों को भी योजना से जोड़ने की कार्ययोजना तैयार करने को कहा।

छात्रवृत्ति योजनाओं का लाभ तेजी से पहुंचाने पर जोर

मुख्यमंत्री ने गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड, मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा विदेश छात्रवृत्ति योजना, मानकी मुंडा छात्रवृत्ति योजना सहित सभी छात्रवृत्ति योजनाओं का लाभ समय पर विद्यार्थियों तक पहुंचाने के निर्देश दिए।

15 दिनों में झारखंड विश्वविद्यालय सेवा आयोग होगा सक्रिय

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को अगले 15 दिनों के भीतर झारखंड विश्वविद्यालय सेवा आयोग को कार्यरत करने का निर्देश दिया। उन्होंने शैक्षणिक सत्र 2026-27 से लाइव ऑनलाइन कक्षाओं की शुरुआत के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार करने को कहा। विभाग ने बताया कि पायलट परियोजना के तहत इसकी शुरुआत झारखंड रक्षा शक्ति विश्वविद्यालय और बीबीएमके धनबाद से होगी।

कोचिंग रेगुलेटरी अथॉरिटी भी होगी सक्रिय

हेमंत सोरेन ने उच्च शिक्षा एवं रोजगारपरक कोचिंग संस्थानों के बेहतर संचालन के लिए 15 दिनों के भीतर कोचिंग रेगुलेटरी अथॉरिटी को पूरी तरह कार्यरत करने के निर्देश दिए।

बीआईटी सिंदरी बनेगी यूनिटरी यूनिवर्सिटी

बैठक में बीआईटी सिंदरी को यूनिटरी यूनिवर्सिटी के रूप में विकसित करने पर सहमति बनी। मुख्यमंत्री ने इसके लिए आवश्यक विधेयक तैयार करने और संस्थान का डिजिटल प्रजेंटेशन तैयार कर आगे की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश दिए।

9 जिलों में बनेंगे तकनीकी शिक्षा क्लस्टर

राज्य सरकार पलामू, गिरिडीह, रामगढ़, गुमला, रांची, जमशेदपुर, बोकारो, गोड्डा और साहिबगंज में तकनीकी शिक्षा क्लस्टर विकसित करेगी। इससे तकनीकी शिक्षा और रोजगारपरक पाठ्यक्रमों का विस्तार होगा।

नई तकनीकों की पढ़ाई होगी शुरू

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेजों और प्रौद्योगिकी संस्थानों में उभरती तकनीकों से जुड़े पाठ्यक्रम शुरू किए जाएं। इनमें इमर्जिंग टेक्नोलॉजी, टेक्सटाइल डिजाइन एवं मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिस्टिक्स एंड शिपिंग, इलेक्ट्रिक व्हीकल और सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग जैसे विषय शामिल होंगे।

बीआईटी और जेआईटी के लिए बनेगी नई गवर्निंग व्यवस्था

मुख्यमंत्री ने आईआईटी और एनआईटी की तर्ज पर बीआईटी और जेआईटी के संचालन के लिए काउंसिल फॉर इंस्टीट्यूट्स ऑफ एमिनेंस की स्थापना तथा नई गवर्निंग व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए।

तीन महीने में वैकल्पिक वित्तीय स्रोत तलाशने के निर्देश

हेमंत सोरेन ने उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग को तीन महीने के भीतर वैकल्पिक वित्तीय स्रोतों की पहचान कर उच्च शिक्षा के विकास के लिए कार्ययोजना तैयार करने को कहा।

जेयूपीएमआई अब उच्च शिक्षा विभाग के अधीन

बैठक में निर्णय लिया गया कि झारखंड अर्बन प्लानिंग एंड मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट (जेयूपीएमआई) को उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के अधीन लाया जाएगा। यहां बैचलर ऑफ प्लानिंग, मास्टर ऑफ प्लानिंग और एमबीए इन इंफ्रास्ट्रक्चर मैनेजमेंट जैसे पाठ्यक्रम शुरू किए जाएंगे।

रोबोटिक्स फेस्टिवल से जुड़ेगा युवाओं का भविष्य

अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि राज्य में पहली बार झारखंड रोबोटिक्स फेस्टिवल शुरू किया गया है, जिसका उद्देश्य छात्रों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता और रोबोटिक्स जैसी आधुनिक तकनीकों से जोड़ना है। मुख्यमंत्री ने ऐसी योजनाओं का नियमित मूल्यांकन कर उन्हें प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए।

बैठक में मंत्री सुदिव्य कुमार, मुख्य सचिव अविनाश कुमार, प्रधान सचिव राहुल कुमार पुरवार सहित उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

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