नई दिल्ली । इंडियन प्रीमियर लीग की सबसे सफल फ्रेंचाइजी चेन्नई सुपर किंग्स और मुख्य कोच स्टीफन फ्लेमिंग का 18 साल पुराना साथ खत्म हो गया है। फ्रेंचाइजी और फ्लेमिंग ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला लिया है। सीएसके ने बताया कि यह निर्णय दोनों पक्षों के बीच हुई खुली और ईमानदार बातचीत के बाद लिया गया।
18 वर्षों तक संभाली कोचिंग की कमान
न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान स्टीफन फ्लेमिंग वर्ष 2008 में खिलाड़ी के रूप में चेन्नई सुपर किंग्स से जुड़े थे। इसके बाद 2009 में उन्होंने मुख्य कोच की जिम्मेदारी संभाली। महेंद्र सिंह धोनी के साथ उनकी जोड़ी ने सीएसके को आईपीएल इतिहास की सबसे सफल टीमों में शामिल कर दिया।
फ्लेमिंग के कार्यकाल में चेन्नई सुपर किंग्स ने पांच आईपीएल खिताब और दो चैंपियंस लीग टी-20 ट्रॉफियां अपने नाम कीं। उनकी कोचिंग में टीम ने 12 बार प्लेऑफ में जगह बनाई और 10 बार फाइनल खेला।
हाल के सीजन में गिरा प्रदर्शन
सीएसके ने अपना आखिरी आईपीएल खिताब 2023 में जीता था। इसके बाद टीम का प्रदर्शन लगातार कमजोर रहा। वर्ष 2024 में टीम पांचवें स्थान पर रही, 2025 में अंतिम स्थान पर पहुंच गई और 2026 में आठवें स्थान पर रहकर प्लेऑफ में जगह नहीं बना सकी।
फ्लेमिंग ने सुपर किंग्स समूह की अन्य टीमों का भी मार्गदर्शन किया। दक्षिण अफ्रीका की टी-20 लीग में जॉबर्ग सुपर किंग्स लगातार चार सत्र प्लेऑफ में पहुंची, जबकि मेजर लीग क्रिकेट में टेक्सास सुपर किंग्स शुरुआती तीन सत्रों में प्लेऑफ तक पहुंची। हालांकि 2026 में टीम अंतिम स्थान पर रही।
सीएसके ने जताया आभार
सीएसके की मालिक रूपा गुरुनाथ ने कहा कि स्टीफन फ्लेमिंग करीब दो दशकों तक टीम की पहचान, सोच और उत्कृष्टता की संस्कृति का महत्वपूर्ण हिस्सा रहे। उन्होंने कहा कि मैदान पर भले ही उनका साथ समाप्त हो रहा है, लेकिन वह हमेशा फ्रेंचाइजी की विरासत का अभिन्न हिस्सा रहेंगे।
वहीं, स्टीफन फ्लेमिंग ने अपने विदाई संदेश में कहा कि चेन्नई सुपर किंग्स के साथ बिताया गया समय उनके कोचिंग करियर का सबसे बड़ा सम्मान रहा। उन्होंने कहा कि यह टीम हमेशा उनके दिल के करीब रहेगी और वह भविष्य में भी इसके सबसे बड़े समर्थकों में शामिल रहेंगे।
सीएसके के प्रबंध निदेशक के. एस. विश्वनाथन ने कहा कि फ्लेमिंग ने सिर्फ टीम की खेल शैली ही नहीं, बल्कि पूरी फ्रेंचाइजी की संस्कृति को आकार दिया। खिलाड़ियों से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कराने की उनकी क्षमता हमेशा याद रखी जाएगी।
