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Wednesday, April 15, 2026

प्रधानमंत्री ने दिल्ली–देहरादून आर्थिक गलियारे का उद्घाटन किया

देहरादून । प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को उत्तराखंड के देहरादून में बहुप्रतीक्षित दिल्ली–देहरादून आर्थिक गलियारे का उद्घाटन किया।

इस मौके पर प्रधानमंत्री ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि राष्ट्र की भाग्य रेखाएं हमारी सड़कें, हाई-वे, एक्सप्रेस-वे, एयरवेज, रेलवे, वाटरवेज होते हैं। बीते एक दशक से हमारा देश विकसित भारत बनाने के लिए विकास की ऐसी ही भाग्य रेखाओं के नि्र्माण में जुटा हुआ है। ये विकास की भाग्य रेखाएं केवल आज की सुविधाएं नहीं हैं बल्कि अगली पीढ़ी की समृद्धि की गारंटी हैं। ये मोदी की भी गारंटी है। बीते दशक से हमारी सरकार राष्ट्र की इन विकास रेखाओं पर अभूतपूर्व निवेश कर रही है।

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड अपनी स्थापना के 25 वर्ष पूरे कर 26वें वर्ष में प्रवेश कर चुका है। आज दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस—वे के उद्घाटन के साथ इस प्रगति में एक और बड़ी उपलब्धि जुड़ी है। आपको याद होगा बाबा केदार के दर्शन के बाद मेरे मुंह से अनायास निकला था कि इस शताब्दी का तीसरा दशक उत्तराखंड का दशक होगा। मुझे बहुत खुशी है कि डबल इंजन सरकार की नीतियों और उत्तराखंड के लोगों के परिश्रम से यह युवा राज्य विकास के नए आयाम जोड़ रहा है। यह प्रोजेक्ट भी प्रदेश की प्रगति को नई गति देगा।

करीब 213 किलोमीटर लंबे इस छह-लेन एक्सेस कंट्रोल्ड कॉरिडोर का निर्माण 12,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से किया गया है। यह परियोजना दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच कनेक्टिविटी को नई गति देगी। इस कॉरिडोर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि दिल्ली से देहरादून की यात्रा का समय, जो अभी 6 घंटे से अधिक है, घटकर लगभग 2.5 घंटे रह जाएगा। इससे यात्रियों को तेज, सुरक्षित और सुगम सफर का अनुभव मिलेगा।

परियोजना के तहत 10 इंटरचेंज, 3 रेलवे ओवर ब्रिज (आरओबी), 4 बड़े पुल और 12 वे-साइड सुविधाएं विकसित की गई हैं। साथ ही बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन और सुरक्षा के लिए एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (एटीएमएस) भी लगाया गया है।

पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए इस कॉरिडोर में कई विशेष प्रावधान किए गए हैं। वन्यजीवों की सुरक्षा और मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए 12 किलोमीटर लंबा ‘वन्यजीव एलिवेटेड कॉरिडोर’ बनाया गया है, जो एशिया के सबसे लंबे कॉरिडोर में से एक है। इसके अलावा 8 पशु मार्ग, 200-200 मीटर के दो हाथी अंडरपास और दात काली मंदिर के पास 370 मीटर लंबी सुरंग भी बनाई गई है।

उद्घाटन से पहले प्रधानमंत्री ने उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में इस वाइल्डलाइफ कॉरिडोर का निरीक्षण किया और देहरादून के पास स्थित जय मां दात काली मंदिर में पूजा-अर्चना भी की।

यह कॉरिडोर क्षेत्रीय आर्थिक विकास को बढ़ावा देने, पर्यटन को प्रोत्साहित करने और व्यापार के नए अवसर पैदा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। यह परियोजना आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और पर्यावरण संतुलन के समन्वय का एक उत्कृष्ट उदाहरण मानी जा रही है।

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