विक्टोरिया (सेशेल्स)। भारतीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रविवार को सेशेल्स की स्वतंत्रता की 50वीं वर्षगांठ (स्वर्ण जयंती) के मौके पर राजधानी विक्टोरिया में आयोजित भव्य राष्ट्रीय दिवस समारोह में शामिल हुए। इस ऐतिहासिक अवसर पर पीएम मोदी को ‘गेस्ट ऑफ ऑनर’ (मुख्य अतिथि) के रूप में आमंत्रित किया गया था। वह सेशेल्स के राष्ट्रीय दिवस पर यह विशेष सम्मान पाने वाले देश के पहले भारतीय प्रधानमंत्री बन गए हैं।
पीएम मोदी ने कहा- भारत को भरोसेमंद दोस्त होने पर गर्व
इस गौरवशाली समारोह में शामिल होने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी खुशी जाहिर की। उन्होंने लिखा, “सेशेल्स के राष्ट्रीय दिवस समारोह में शामिल होना मेरे लिए बेहद सम्मान की बात है। यह समारोह सेशेल्स की आजादी की स्वर्ण जयंती का प्रतीक है। यह अवसर पिछले 50 वर्षों में सेशेल्स के लोगों की शानदार और विकासशील यात्रा को एक उचित श्रद्धांजलि है।”
पीएम मोदी ने आगे कहा, “भारत को सेशेल्स के विकास के सफर में एक भरोसेमंद दोस्त और साझेदार के तौर पर हमेशा साथ खड़े होने पर गर्व है। हमारी साझेदारी साझा मूल्यों और लोगों के बीच आपसी मजबूत संबंधों के साथ और भी गहरी होती जा रही है। मुझे पूरा भरोसा है कि आने वाले समय में हमारी दोस्ती के नए आयाम स्थापित होंगे।”
परेड में दिखा भारत का दम, मार्चिंग टुकड़ी ने लिया हिस्सा
भारतीय विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने इस दौरे को बेहद खास बताया। उन्होंने जानकारी दी कि विक्टोरिया में आयोजित नेशनल डे परेड में भारतीय नौसेना और थल सेना की संयुक्त टीमों वाली एक मार्चिंग टुकड़ी ने हिस्सा लिया। इसके साथ ही भारतीय नौसेना का बैंड भी इस मार्चिंग यूनिट की शान बना, जिसने दोनों देशों के बीच की गहरी रक्षा और कूटनीतिक साझेदारी को दुनिया के सामने प्रदर्शित किया।
पोर्ट विक्टोरिया पहुंचे भारतीय युद्धपोत
इस ऐतिहासिक अवसर को और यादगार बनाने के लिए भारत की ओर से एक खास पहल की गई। भारत के दो प्रमुख युद्धपोत— INS तरकश और INS इक्षक को विशेष रूप से पोर्ट विक्टोरिया में तैनात किया गया। भारतीय नौसेना के इन जहाजों की मौजूदगी ने सेशेल्स के साथ भारत की दशकों पुरानी और अटूट दोस्ती को और मजबूती से रेखांकित किया।
