पूर्व मेदिनीपुर । जिले के पोटाशपुर विधानसभा क्षेत्र में चुनावी प्रचार के दौरान एक बार फिर तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। भाजपा उम्मीदवार एवं पूर्व सैनिक तपन माइती के जनसंपर्क अभियान के दौरान गोकुलपुर इलाके में एक नशे में धुत युवक की आपत्तिजनक टिप्पणी और गाली-गलौज से माहौल अचानक गरमा गया, जिससे स्थानीय स्तर पर राजनीतिक संवेदनशीलता बढ़ गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुवार दोपहर देवनाथपल्ली गांव में प्रचार के दौरान एक युवक ने कथित रूप से तपन माइती का रास्ता रोक लिया और “ममता बनर्जी जिंदाबाद” के नारे लगाते हुए अभद्र भाषा का प्रयोग किया। स्थिति धीरे-धीरे तनावपूर्ण होने लगी, हालांकि स्थानीय लोगों के हस्तक्षेप से युवक को वहां से हटा दिया गया। बताया जा रहा है कि आरोपित युवक नशे की हालत में था।
इधर, शुक्रवार सुबह प्रचार के लिए निकलते समय भाजपा के मंडल अध्यक्ष कृष्ण गोपाल दास ने आरोप लगाया कि एक तृणमूल समर्थक ने उनकी गाड़ी रोककर गाली-गलौज की और बार-बार अनुरोध के बावजूद रास्ता नहीं छोड़ा। उन्होंने दावा किया कि लगभग हर गांव में इस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसी किसी भी स्थिति की तत्काल सूचना पुलिस को दी जाएगी।
वहीं, तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार पीयूष कांति पंडा ने आरोपों का खंडन करते हुए पलटवार किया। उन्होंने कहा कि बाहरी उम्मीदवार पोटाशपुर में दबंगई दिखा रहे हैं और ऐसे व्यवहार को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि पोटाशपुर विधानसभा सीट पर तृणमूल कांग्रेस का मजबूत प्रभाव रहा है। वर्ष 2021 के चुनाव में तृणमूल के उत्तम बारिक ने एक लाख पांच हजार 299 मत प्राप्त कर भाजपा के अंबुजाक्ष महंती को नौ हजार 994 मतों से पराजित किया था। इससे पहले 2016 में भी तृणमूल के ज्योतिर्मय कर ने वाम प्रत्याशी माखनलाल नायक को 29 हजार 888 मतों के अंतर से हराया था।
वर्ष 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में इस सीट पर भाजपा के तपन माइती और तृणमूल कांग्रेस के पीयूष कांति पंडा आमने-सामने हैं। यह मुकाबला राज्य में तृणमूल कांग्रेस की पकड़ बनाए रखने और भाजपा के विस्तार की रणनीति के बीच सीधा राजनीतिक संघर्ष माना जा रहा है।


