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Sunday, August 9, 2026

भारत बांग्लादेश के प्रधानमंत्री का बहुत सम्मान करता है : भारतीय उच्चायुक्त

ढाका। भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने रविवार को कहा कि भारत बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान का बहुत सम्मान करता है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के नेताओं के बीच बातचीत से कई लंबित समस्याओं का समाधान निकाला जा सकता है। उन्होंने दोनों देशों के लोगों के बीच गहरे जुड़ाव का उल्लेख करते हुए उम्मीद जताई कि शीर्ष नेतृत्व के बीच बातचीत के सकारात्मक परिणाम सामने आएंगे।

दिनेश त्रिवेदी राजधानी के जमुना फ्यूचर पार्क स्थित भारतीय वीजा आवेदन केंद्र में बच्चों के लिए बनाए गए नए खेल क्षेत्र के उद्घाटन के अवसर पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान उनसे बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान के साथ प्रस्तावित मुलाकात को लेकर सवाल किया गया।

10 अगस्त को होगी पहली शिष्टाचार मुलाकात

बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान और भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी के बीच पहली शिष्टाचार मुलाकात 10 अगस्त को प्रस्तावित है। ढाका में भारतीय उच्चायुक्त का पद संभालने के बाद प्रधानमंत्री के साथ यह उनकी पहली मुलाकात होगी।

मुलाकात को लेकर पूछे गए सवाल पर त्रिवेदी ने कहा कि भारत बांग्लादेश के प्रधानमंत्री का बहुत सम्मान करता है। उन्होंने बताया कि उन्होंने कई बार तारिक रहमान के भाषण सुने हैं और उन्हें जनता से जुड़ा हुआ नेता बताया। उन्होंने कहा कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी जनता से जुड़े नेता हैं।

बातचीत से समस्याओं के समाधान की उम्मीद

भारतीय उच्चायुक्त ने कहा कि किसी भी समस्या का समाधान बातचीत के माध्यम से ही संभव है। यदि दोनों देशों के नेता आपस में चर्चा करते हैं तो कई मुद्दों का समाधान निकाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि भारत और बांग्लादेश के लोगों के बीच लंबे समय से गहरा जुड़ाव रहा है और दोनों देशों के बीच संवाद का परिणाम सकारात्मक रहने की उम्मीद है।

उन्होंने कहा कि दोनों देशों के संबंध केवल सरकारों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि दोनों देशों के लोगों के बीच मजबूत सामाजिक और मानवीय संबंध भी इसकी महत्वपूर्ण आधारशिला हैं।

बच्चों के लिए बनाया गया सुरक्षित खेल क्षेत्र

इस अवसर पर भारतीय वीजा आवेदन केंद्र में बच्चों के लिए बनाए गए नए खेल क्षेत्र का भी उद्घाटन किया गया। इस खेल क्षेत्र के निर्माण के पीछे एक मां का अनुरोध महत्वपूर्ण रहा।

भारतीय वीजा आवेदन केंद्र की पहली यात्रा के दौरान एक मां ने उच्चायुक्त से अनुरोध किया था कि ऐसा सुरक्षित स्थान बनाया जाए, जहां माता-पिता के वीजा आवेदन की प्रक्रिया पूरी होने तक बच्चे खेल सकें और सुरक्षित रह सकें।

कुछ ही सप्ताह में इस अनुरोध पर कार्रवाई करते हुए केंद्र में बच्चों के लिए खेल क्षेत्र तैयार कर दिया गया। रविवार को वही मां अपने बच्चे के साथ पहुंचीं और उनके अनुरोध से तैयार किए गए इस खेल क्षेत्र का उद्घाटन किया।

भारतीय उच्चायोग के अनुसार, यह पहल जनकेंद्रित सोच का उदाहरण है। ऐसी छोटी लेकिन महत्वपूर्ण पहलों के माध्यम से दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क और संबंधों को और मजबूत किया जा सकता है। दोनों देशों के बीच संबंधों की सबसे मजबूत नींव उनके लोग हैं।

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