पूर्वी सिंहभूम | झारखंड की गालुडीह पुलिस ने अंतरराज्यीय वाहन चोर गिरोह के खिलाफ चल रहे अभियान में एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गिरोह के एक सक्रिय सदस्य को सरायकेला-खरसावां से गिरफ्तार किया है, जिसके पास से चोरी की तीन मोटरसाइकिलें बरामद हुई हैं। गिरफ्तार आरोपी झारखंड और ओडिशा के कई जिलों में आतंक का पर्याय बना हुआ था।
विंगर वैन चोरी मामले से जुड़े तार
ग्रामीण एसपी शुभम खंडेलवाल ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि यह कार्रवाई 28 दिसंबर 2025 को हुई विंगर वैन (WB 25F 7922) की चोरी के मामले में की गई है। इस केस में पुलिस पहले ही दो आरोपियों (मांझीया टुडू और सत्यवान कुम्भकार) को जेल भेज चुकी है और वैन भी बरामद कर ली गई थी, लेकिन मुख्य आरोपी बिरसन मुण्डा फरार चल रहा था।
गुप्त सूचना पर चौका में छापेमारी
वरीय पुलिस अधीक्षक पीयूष पांडेय के निर्देश पर गठित विशेष टीम को सूचना मिली कि आरोपी बिरसन मुण्डा सरायकेला-खरसावां जिले के मुटुडा गांव में अपने घर पर छिपा हुआ है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए छापेमारी की और उसे दबोच लिया।
आंगन में छिपाई थीं चोरी की बाइक
आरोपी की निशानदेही पर उसके घर के आंगन से तीन दोपहिया वाहन बरामद किए गए: स्प्लेंडर प्रो: (JH 05BD 2504) – इसके संबंध में पहले से गालुडीह थाने में मामला दर्ज था। टीवीएस अपाचे: इस बाइक पर फर्जी नंबर प्लेट लगी हुई थी। जांच में पता चला कि यह ओडिशा के मयूरभंज (तिरिंग थाना) से चोरी हुई थी। होंडा डियो स्कूटी: यह स्कूटी ओडिशा के बहलदा थाना क्षेत्र से चोरी की गई थी।
झारखंड-ओडिशा पुलिस के लिए था सिरदर्द
26 वर्षीय बिरसन मुण्डा एक आदतन अपराधी है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, उसके खिलाफ झारखंड के खरसावां, ईचागढ़, कवाली और ओडिशा के कई थानों में गंभीर मामले दर्ज हैं। ओडिशा पुलिस ने उसके खिलाफ पहले ही गिरफ्तारी वारंट जारी कर रखा था। पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया है कि वह एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का हिस्सा है जो सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय है।

