नवादा। भारतीय जनता पार्टी कार्यालय, नवादा में ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ के विषय पर सोमवार को एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व प्रदेश मंत्री डॉ. पूनम शर्मा ने कार्यक्रम को संबोधित किया।
डॉ. पूनम शर्मा ने इस अधिनियम को स्वतंत्र भारत के इतिहास का एक स्वर्णिम अध्याय बताते हुए कहा कि यह कानून महिलाओं को केवल ‘वोट बैंक’ समझने वाली मानसिकता को समाप्त कर उन्हें नेतृत्वकारी भूमिका में स्थापित करेगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार इस अधिनियम के माध्यम से महिलाओं को लोकसभा एवं विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण देकर उन्हें नीति-निर्धारक और ‘नायक’ की भूमिका में आगे ला रही है।
उन्होंने जानकारी दी कि सरकार अधिनियम में आवश्यक सुधार कर रही है, ताकि अगली जनगणना के बाद होने वाले परिसीमन की प्रतीक्षा न करनी पड़े। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि वर्ष 2029 के चुनावों में संसद के गलियारों में नारी शक्ति की सशक्त उपस्थिति दर्ज हो।
मोदी सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश ‘महिला-नेतृत्व आधारित विकास’ मॉडल पर आगे बढ़ा है। उन्होंने बताया कि 56 करोड़ जनधन खातों में से 56 प्रतिशत खाते महिलाओं के हैं तथा मुद्रा योजना के अंतर्गत 70 प्रतिशत ऋण महिलाओं को प्रदान किए गए हैं, जिससे महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं।
इस अवसर पर महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष माधुरी वर्णनवाल, पूर्व महिला जिलाध्यक्ष गौरी रानी, अल्पसंख्यक मोर्चा अध्यक्ष अफसाना खातून तथा मंडल अध्यक्ष शिवरानी केशरी सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहीं।

