खूंटी। भगवान बिरसा मुंडा के सेनापति बलिदान सरदार गया मुंडा की पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी जन्मस्थली मुरहू प्रखंड के एटकेडीह गांव में मंगलवार को श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत बलिदान सरदार गया मुंडा की प्रतिमा पर पुष्पांजलि एवं माल्यार्पण के साथ हुई।
इस अवसर पर सांसद कालीचरण मुंडा ने बलिदान की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया तथा जरूरतमंदों के बीच कंबलों का वितरण किया। अपने संबोधन में सांसद कालीचरण मुंडा ने कहा कि शहीद सरदार गया मुंडा देश और समाज के लिए संघर्ष करते हुए वीरगति को प्राप्त हुए, लेकिन उन्होंने कभी भी अंग्रेजी हुकूमत के सामने घुटने नहीं टेके। उन्होंने अपने पूरे परिवार के साथ देश की आज़ादी और आदिवासी समाज के अधिकारों के लिए बलिदान दिया।
सांसद ने कहा कि बलिदान गया मुंडा का जीवन आज की पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है। उनके संघर्ष, त्याग और बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि बलिदान गया मुंडा के कई सपने अधूरे रह गए, जिन्हें पूरा करना हम सभी की जिम्मेदारी है। उनके दिखाए मार्ग पर चलकर समाज में समानता, न्याय और अधिकारों की रक्षा के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं और यह संघर्ष आगे भी जारी रहेगा।
श्रद्धांजलि सभा में कांग्रेस सहकारिता प्रकोष्ठ के प्रदेश महासचिव नईमुद्दीन ख़ान, बिनसाय मुंडा, विजय कुमार स्वांसी सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति, स्थानीय जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे। सभी ने शहीद गया मुंडा के चित्र एवं प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम के दौरान सांसद कालीचरण मुंडा ने शहीद सरदार गया मुंडा के वंशज रमाय मुंडा एवं उनके परिवार से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना और हर संभव सहयोग का भरोसा दिलाया। श्रद्धांजलि सभा का समापन शहीद के विचारों को आत्मसात करने और उनके सपनों को साकार करने के संकल्प के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।


