भुवनेश्वर। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने ओडिशा दौरे के तीसरे दिन बुधवार को पुरी स्थित 12वीं शताब्दी के प्रसिद्ध श्री जगन्नाथ मंदिर में दर्शन कर भगवान जगन्नाथ का आशीर्वाद लिया। इससे पूर्व उन्होंने पारंपरिक पितृ कर्म भी संपन्न किए। पुरी पहुंचने पर राष्ट्रपति ने सबसे पहले श्वेतगंगा में पिंडदान किया, जो पितृ अनुष्ठानों से जुड़ा एक पवित्र स्थल है। इसके बाद वह श्री जगन्नाथ मंदिर पहुंचीं और भगवान जगन्नाथ के दर्शन किए।
मंदिर दर्शन के दौरान ओडिशा के राज्यपाल हरि बाबू कंभमपटि और मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी भी राष्ट्रपति के साथ मौजूद रहे। दर्शन के उपरांत श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन की ओर से राष्ट्रपति को खंडुआ रेशमी वस्त्र और ओडिशा की पारंपरिक कला पट्टचित्र भेंट किया गया। इस पट्टचित्र में भगवान जगन्नाथ को केंद्र में रखते हुए दशावतार का सजीव चित्रण किया गया है।
राष्ट्रपति की यात्रा को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। मंदिर में सुबह 10 बजे तक आम श्रद्धालुओं के लिए दर्शन स्थगित रहे, ताकि गोपाल वल्लभ भोग सहित सभी धार्मिक अनुष्ठानों का सुचारू रूप से संचालन किया जा सके।


