रांची। रांची पुलिस ने बेड़ो इलाके में एक महीने पहले फर्जी गैंग रेप के मामले का भंडाफोड़ किया है। इस वारदात को पूरी प्लानिंग के साथ महिला ने जमीन कारोबारी के कहने पर अंजाम दिया था। हालांकि पुलिस की टीम ने महिला, जमीन कारोबारी समेत पांच शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में नसीहा खातून, बलसोखरा निवासी जमीन कारोबारी साबिर खान, मो नसीम, इम्तियाज आलम और विक्की खान शामिल है। पूछताछ में आरोपी नसीहा खातून ने चौकाने वाला खुलासा किया है। पूछताछ में पुलिस को पता चला कि आरोपी महिला नसीहा खातून और नसीम खान के बीच साली-जीजा का रिश्ता है। चान्हो निवासी मुदबिर के साथ जमीन कारोबारी साबिर का विवाद चल रहा था। आरोपी साबिर ने अपने साथ काम करने वाले नसीम से मिलकर उसे फंसाने की प्लानिंग की। जिसके बाद नसीम ने अपनी साली नसीहा खातून को 50 हजार रुपए दिए।
ग्रामीण एसपी के अनुसार पुलिस की जांच में पता चला कि महिला ने बेड़ो इलाके में सामूहिक दुष्कर्म की बात बतायी थी। पुलिस की टीम ने जब महिला के बताए हुए घटनास्थल की जांच की तो न तो प्राथमिकी अभियुक्तों को मोबाइल लोकेशन मिला और न ही किसी अन्य तरह का साक्ष्य। जिसके बाद पुलिस की टीम महिला को हिरासत में लेकर पूछताछ की। कड़ाई से पूछताछ के बाद महिला ने पूरी घटना को खुलासा किया। जांच के क्रम में पुलिस को यह भी पता चला कि आरोपी महिला लगातार प्राथमिकी अभियुक्तों से केस उठाने के एवज में मोटी रकम की डिमांड कर रही थी।
आरोपी महिला ने बालसोरगा निवासी रागिब अकरम, वकार अहमद, मुद्दबिर परवेज, इजहार आलम और सद्दाम अंसारी के विरुद्ध बेड़ो थाना में अक्तूबर माह में प्राथमिकी दर्ज करायी थी। दर्ज प्राथमिकी में आरोप लगाया गया था कि आरोपियों ने उसे जबरन अपने साथ बेड़ो इलाके में ले गए और बारी-बारी से दुष्कर्म किया। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने सद्दाम अंसारी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
आरोपी जमीन कारोबारी साबिर खान बालसोगरा समेत आसपास इलाके में दबंगई दिखाता था। वह अपने निजी बॉडीगार्ड के जरिए न सिर्फ लोगों को डराता-धमकाता था, बल्कि जमीन पर भी कब्जा किया करता था। आरोपी साबिर पर पहले से आर्म्स एक्ट समेत अन्य मामले दर्ज हैं। कई बार आरोपी जेल भी जा चुका है।


