मुजफ्फरपुर | बिहार में मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट थाना क्षेत्र स्थित असिया गांव मंगलवार की देर रात को रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। पास्को एक्ट के एक आरोपी को गिरफ्तार करने पहुंची पुलिस टीम और ग्रामीणों के बीच भीषण झड़प हो गई। इस हिंसा में गोली लगने से एक स्थानीय व्यक्ति की मौत हो गई है, जबकि थानेदार समेत तीन पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हैं। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है।
जानकारी के मुताबिक, बीते दिनों एक नाबालिग लड़की के साथ हुए अपराध के मामले में पास्को कोर्ट ने आरोपी की गिरफ्तारी का आदेश दिया था। इसी आदेश के पालन में गायघाट पुलिस की टीम असिया गांव में छापेमारी करने पहुंची थी। जैसे ही पुलिस ने आरोपी को पकड़ने की कोशिश की, ग्रामीण उग्र हो गए और पुलिस टीम का विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ा कि ग्रामीणों ने पुलिस पर हमला बोल दिया।
मुजफ्फरपुर एसएसपी कांतेश कुमार मिश्रा ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि कोर्ट के आदेश पर पुलिस छापेमारी करने गई थी, लेकिन टीम पर जानलेवा हमला किया गया। उग्र भीड़ ने पुलिस के दो वाहनों को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया। इस हमले में गायघाट थानेदार और दो अन्य जवान घायल हुए हैं। घटना के दौरान बचाव में हवाई फायरिंग की भी बात सामने आई है। एसएसपी के अनुसार, ग्रामीणों की तरफ से भी फायरिंग की गई, जिसमें एक स्थानीय व्यक्ति जगतवीर राय (60 वर्ष) को गोली लगी और उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद असिया गांव और आसपास के क्षेत्रों में माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया है। हालात की गंभीरता को देखते हुए ग्रामीण पुलिस अधीक्षक और डीएसपी पूर्वी भारी पुलिस बल और कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर कैंप कर रहे हैं। फिलहाल, पुलिस पूरे इलाके में फ्लैग मार्च कर रही है ताकि विधि-व्यवस्था बनी रहे। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दोषियों की पहचान की जा रही है और सरकारी कार्य में बाधा डालने व हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। गांव में फिलहाल सन्नाटा पसरा है और चप्पे-चप्पे पर पुलिस की नजर है।


